शुक्र in the नवम भाव
बृहत् पाराशर होराशास्त्र व्याख्या
Fortune & Dharma
शास्त्रीय श्लोक
नवम भाव में शुक्र जातक को ईश्वर भक्त, दानशील, धनवान, सुखी और पत्नी-संतान से आशीर्वादित बनाता है। कला और विदेशी संबंधों से भाग्य संकेतित है।
शास्त्रीय स्रोत देखें: BPHS Ch.24, Shloka 137-138
आधुनिक व्याख्या
कलात्मक, सांस्कृतिक या कूटनीतिक माध्यमों से भाग्य। विवाह साथी भिन्न संस्कृति या विदेश से हो सकता है। सौंदर्य का प्रेम आध्यात्मिक साधना को समृद्ध करता है। आनंद और संस्कृति के लिए यात्रा।
कुंजी शब्द
fortunecultureforeign spouseartsdharma